श्री 1008 भगवान महावीर स्वामी दिगम्बर जिनमन्दिर :-

वर्तमान शासननायक देवाधिदेव भगवान श्री महावीर स्वामी के नाम से निर्मित इस जिनमन्दिर की जमीन पर शिखर तक ऊंचाई 108 फिट है। जिनमन्दिरजी में वीतराग परमशान्त मुद्रावन्त अति धवल 5 फिट उतंग मूलनालय भगवान महावीर स्वामी की मनोझ जिन प्रतिमा विराजमान है। सुन्दर कमल सहित जिनवेदी के अग्रभाग में, भगवान महावीर स्वामी के निर्वाणस्थली सिद्धक्षेत्र पावापुरी का मनोरम चित्रपट उत्कीर्ण किया गया। अष्ट मंगलद्रव्य, छत्र, अशोकवृक्ष, आदि पर सुन्दर नक्काशी कर, सम्पूर्ण वेदी पर स्वर्ण का मनोहारी कार्य किया गया है, जिनप्रतिमा के दोनों और उत्कीर्ण श्री महावीर स्वामी के दश भवों को देखकर भवों के अभाव करने का वैराग्य भाव हृदय में जागता है, शिखर पर गोलाकृति में मुक्ता मणियों से बने 64 चंवर एवं विभिन्न वाद्ययन्त्रों को बजाते हुए देवों को देख साक्षात् समवशरण में उपस्थित होने की अनुभूति से हृदय आनन्दित हो उठता है।

इस जिनवेदी पर स्फटिकमणि की 1 फिट ऊंची, क्षीरसागर के दुग्धवत जल की भाँति धवल, भगवान पार्शवनाथ का जिनबिम्ब विराजमान है, साथ ही विधिनायक भगवान श्री आदिनाथ एवं पंचबालयति भगवान के जिनबिम्ब विराजमान हैं। जिनवेदी के बाहरी भाग में मखमली आवरण सहित द्वादशांगी जिनवाणी मां विराजमान हैं।